अजय कंडेवार, वणी : समाज को भाईचारा, शांति और प्रेम का संदेश देने वाला पर्व ईद-ए-मिलादुन्नबी शुक्रवार को राजूर में श्रद्धा, उत्साह और भक्तिभाव के साथ मनाया गया। हजरत मोहम्मद पैगंबर साहब के पंद्रह सौवें जयंती वर्ष पर शहर में भव्य शोभायात्रा (जुलूस) निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में मुस्लिम समाजबंधुओं के साथ बच्चों ने भी सहभाग दर्ज किया। ईस्लामी इतिहास के अनुसार हजरत मोहम्मद पैगंबर का जन्म ई.स. 571 में मक्का शरीफ में हुआ था। उसी स्मृति दिवस पर राजूर सहित क्षेत्रभर में ईद-ए-मिलादुन्नबी का पर्व उत्साहपूर्ण वातावरणात मनाया गया।

शहर के मुख्य चौक से निकली शोभायात्रा प्रमुख मार्गों से होती हुई मस्जिद प्रांगण तक पहुँची। वहाँ फातिहा शरीफ का आयोजन कर प्रसाद का वितरण किया गया। इस अवसर पर शहर के विभिन्न स्थलों पर स्थानीय हिंदू युवाओं की ओर से पुलाव और मिठाई का प्रसाद बांटा गया। इस में सर्वधर्म समभाव और हिंदू-मुस्लिम एकता की मिसाल पेश की। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक मुस्लिम बांधव बड़ी संख्या में इस जुलूस में शामिल हुए। शोभायात्रा का प्रमुख आकर्षण हिंदू-मुस्लिम एकता का वह अद्वितीय संदेश था, जिसने समाज में सौहार्द का वातावरण निर्मित किया।
कार्यक्रम को यशस्वी बनाने में नूरी कमिटी के अध्यक्ष गुलाब खान, उपाध्यक्ष मोह. युसुफ, शकील अहमद, डॉ. अय्युब खान, अक्रम सिद्दीक समेत अनेक युवाओं का विशेष योगदान रहा।

